एक हरियाणवी ताऊ, पहली बार अपने गाँव से बाहर जाने के लिए स्टेट ट्रांसपोर्ट की बस में सवार हुआ..!!
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कन्डक्टर ने,ठीक ड्राईवर के पास वाली सीट पर उसे बैठा दिया,
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बस चलते समय ताऊ बड़े आश्चर्य से इतनी विशाल बस को चलाते हुए ड्राईवर को ही देख रहा था!!
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एक घंटे बाद, चाय पानी के लिए एक ढाबे के सामने बस रुकी और ड्राईवर भी चाय पिने के लिए चला गया.!!
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वापस लौटा तो देखा कि गियर चेंज करने वाली रॉड गायब थी.!!
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वो गुस्से से चिल्लाया......" यहाँ लगी रॉड किसने निकाली ? "
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उसके पास की सीट पर बैठा वो ताऊ बड़ी विनम्रता से बोला--" अरे पहलवान नाराज़ क्यों होते हो.!
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रास्ते भर मैं कब से देख रहा हूँ कि, तू बस चलाते - चलाते बार - बार ये लोहे का लट्ठ निकालने की कोशिश कर रहा था.!!
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तू परेशान ना हो इसलिए मैंने लट्ठ उखाड़ लिया। ये ले गाबरू---!!
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ड्राइवर अभी भी कोमा में।
😂😂😂😂😂😂😂😂😂
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कन्डक्टर ने,ठीक ड्राईवर के पास वाली सीट पर उसे बैठा दिया,
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बस चलते समय ताऊ बड़े आश्चर्य से इतनी विशाल बस को चलाते हुए ड्राईवर को ही देख रहा था!!
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एक घंटे बाद, चाय पानी के लिए एक ढाबे के सामने बस रुकी और ड्राईवर भी चाय पिने के लिए चला गया.!!
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वापस लौटा तो देखा कि गियर चेंज करने वाली रॉड गायब थी.!!
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वो गुस्से से चिल्लाया......" यहाँ लगी रॉड किसने निकाली ? "
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उसके पास की सीट पर बैठा वो ताऊ बड़ी विनम्रता से बोला--" अरे पहलवान नाराज़ क्यों होते हो.!
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रास्ते भर मैं कब से देख रहा हूँ कि, तू बस चलाते - चलाते बार - बार ये लोहे का लट्ठ निकालने की कोशिश कर रहा था.!!
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तू परेशान ना हो इसलिए मैंने लट्ठ उखाड़ लिया। ये ले गाबरू---!!
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ड्राइवर अभी भी कोमा में।
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